राशि

सनातन धर्म में नक्षत्रों का बहुत महत्‍व है। इससे हम जहां वर्तमान और भविष्‍य की गणना करते हैं, वहीं इनके चलते हमारा जीवन भी प्रभावित होता है। ज्‍योतिषशास्‍त्र के मुताबिक नक्षत्रों से हमारे आचार-व्‍यवहार को तो पता चलता ही है साथ ही जीवन में आने वाले उतार-चढ़ाव और हम कहां-किस क्षेत्र में आगे बढ़ेंगे यह
0 Comments
संकलन: बेला गर्गएक बार महावीर घने जंगल में विचरण कर रहे थे। उनके साथ गोशालक भी था। वह था तो महावीर का शिष्य, लेकिन किसी गलतफहमी की वजह से उनसे नाराज था और उन्हें गलत साबित करने का मौका खोजता रहता था। दोनों एक पौधे के पास से गुजरे तो गोशालक ने कहा, ‘इस पौधे
0 Comments
रमेश भाई ओझावाकई इंसान शांति चाहता है तो वह शस्त्र बनाना ही बंद कर दे। यूनेस्को जैसी संस्था का जब गठन हुआ तो उसकी प्रस्तावना में लिखा गया- युद्ध की शुरुआत इंसान के दिमाग से होती है। इसलिए दुनिया, राष्ट्र और समाज में अमन-चैन चाहते हो, विश्व को युद्धरहित करना चाहते हो तो पहले इंसान
0 Comments
बुद्धि-विवेक से सफलता आज आपके कदम चूमेगी, आज दिन की शुरूआत कार्य-व्यवहार से जुड़ी समस्याओं को हल करने से होगी, मनोरंजन कार्य में समय अधिक व्यतीत होगा।
0 Comments
आजीविका: नए संपर्क से सितारा बुलंद होगा। आप ऊर्जा से भरे रहेंगे और कुछ नए कदम साहसिक कदम उठाएंगे। आपकी लोकप्रियता में वृद्धि होगी। आपकी लोकप्रियता से विरोधी पक्ष तिलमिला जाएगा। आज आपका मन चलायमान रह सकता है। रोजमर्रा के कामों में कोताही न बरतें, अतीत के संदर्भ में अनुसंधान का लाभ मिलेगा। पारिवारिक जीवन:
0 Comments
आजीविका: आज ढेर सारी जिम्मेदारियों को निभाने का दिन है। आज सुबह से ही आपके अंदर नई शक्ति और ऊर्जा का संचार रहेगा। नौकरी व्यवसाय से जुड़े कुछ मुद्दे हल हो जाएंगे। कोई भी व्यवसाय छोटा बड़ा नहीं होता, एक बार अनुभव हो जाए तो बस दुनिया अपनी मुट्ठी में ही समझिए। परिस्थितियां आपको हाथ
0 Comments
किसी विशेष घटनाक्रम के अंतर्गत अटका हुआ धन आश्चर्यजनक रूप से प्राप्त हो जाएगा। इससे आज आपका विश्वास, धर्म एवं अध्यात्म में बढ़ेगा। रोजमर्रा के कामों में कोताही न बरतें, अतीत के संदर्भ में अनुसंधान का लाभ मिलेगा। नए संपर्क से सितारा बुलंद होगा।
0 Comments
आजीविका: बुद्धि-विवेक से सफलता आज आपके कदम चूमेगी। आज दिन की शुरूआत कार्य-व्यवहार से जुड़ी समस्याओं को हल करने से होगी। आज आप अपने आप में ही मस्त रहेंगे। किसी भी विरोधी की आलोचना की ओर ध्यान न देकर अपना काम करते रहें। आप नई चीजों को लेकर अपने आपको उत्साहित नहीं कर पाएंगे। शीघ्र
0 Comments
राष्ट्रीय मिति वैशाख 02, शक संवत् 1941, वैशाख कृष्णा तृतीया सोमवार, विक्रम संवत् 2076। सौर वैशाख मास प्रविष्टे 09, शब्बान 16, हिजरी 1440 (मुस्लिम) तदनुसार अंग्रेजी तारीख 22 अप्रैल सन् 2019 ई॰। सूर्य उत्तरायण, उत्तर गोल, ग्रीष्म ऋतु। राहुकाल प्रातः 7 बजकर 30 मिनट से 9 बजे तक। तृतीया तिथि पूर्वाह्न 11 बजकर 25 मिनट
0 Comments
आज लेखक चेतन भगत का जन्मदिन है। उनके साथ आज जिन लोगों का जन्मदिन है सभी को उज्जवल भविष्य की हार्दिक शुभकामनाएं। यह वर्ष सिंह लग्न में सुवर्ण पाद के प्रवेश कर रहा है, मिश्रित फलकारक है। अप्रैल के अंत में महत्वाकांक्षी प्रकृति वालों के लिए मनोर्थ सिद्धिकारक रहेगा। मई-जून में नईखोज, रचनात्मक कामों के
0 Comments
वैशाख महीने का पहला सोमवार है आज। ग्रह-नक्षत्रों की स्थिति कहती है कि आज मन पर चंचलता हावी रह सकती है। ग्रह-नक्षत्र कहते हैं कि आज बिना सोच-विचार किए कोई कार्य न करें। अनावश्यक खर्च से बचना है जरूरी।
0 Comments
केरल का वायनाड जिला इन दिनों काफी चर्चा में है। कारण है कांग्रेस के अध्यक्ष राहुल गांधी का वहां से चुनाव लड़ना। जबकि अब तक वह उत्तर प्रदेश के अमेठी से चुनाव लड़ा करते थे। यह कारण तो हुआ वायनाड की वर्तमान चर्चा का। लेकिन क्या आपको पता है वायनाड रामायण काल से ही महत्वपूर्ण
0 Comments
हिंदी कैलेंडर के अनुसार, चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा से वैशाख महीने की शुरुआत हो जाती है। इस साल यह पूर्णिमा 19 अप्रैल 2019 को थी और 20 अप्रैल से वैशाख महीने की शुरुआत हो चुकी है। वैशाख का महीना 18 मई तक रहेगा। वैशाख के महीने का विष्णु पूजा के लिए अत्यधिक
0 Comments
देवगुरु बृहस्पति 22 अप्रैल 2019 से वृश्चिक राशि में वक्री हो रहे हैं। गुरु इस स्थिति में 11 अगस्त तक रहेंगे। इससे पूर्व 29 मार्च को देवगुरु बृहस्पति धनु राशि में आए थे। जीवन और करियर में तरक्की और समृद्धि के लिए कुंडली में गुरु की स्थिति का शुभ होना बहुत जरूरी होता है। आइए,
0 Comments
योगाचार्य सुरक्षित गोस्वामी आश्रम में नियम था कि सभी बौद्ध भिक्षु सूरज छिपने से पहले सामूहिक रूप से भोजन कर लें, जिससे एक-दूसरे के खाने का पता रहे। लेकिन यहां का गुरु हमेशा सूरज ढलने के बाद ही अपने झोपड़े के दरवाजे बंद करके रात को भोजन करता। वहां का सम्राट गुरु का शिष्य था।
0 Comments
ईस्टर का पर्व प्रभु यीशु के त्याग और बलिदान की याद में मनाया जाता है। मान्यता है कि सलीब पर लटकाए जाने के बाद यीशु दोबारा जीवित हो गए थे और अपने भक्तों के साथ 40 दिन व्यतीत करने के बाद, उन्हें जीवन का सही मार्ग दिखाने के बाद, वे स्वर्ग को चले गए थे।
0 Comments